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तत्परता शिक्षा दुरभाव नि:स्वार्थ भावों सम भाव पालन-पोषण देवी सम पूज्य युक्ति वाद सबकी रक्षा के हित संस्कारित जन नरकमेंलेजाताहैअंहकारकाद्वार।जीतसकोतोजीतलोसंस्कारसेसंसार। व्ध्य्मानम योगक्षेम आप ही है धाय मां पन्ना कृष्ण मुरारी निज जीवन न्यायपूर्ण मात्रा सम द्रष्टा स्वर्ग सम

Hindi सरित सम Quotes